पूरा हुआ उस क्रूस पर

सिटीअलाइट के लेख से एआई द्वारा रचित एक गीत

कैसा मधुर है यीशु का स्वर
कलवरी के उस क्रूस पर
वह कहता, “कार्य पूरा हुआ”
मुझको आशा दी उस वचन पर
मसीह ने बुराई पर जय पाई
सब पूरा हुआ उस क्रूस पर

पूरा हुआ उस क्रूस पर
मुक्ति का कार्य हुआ पूर्ण
मेरी आशा, मेरी जीत
पूरा हुआ उस क्रूस पर

अब श्राप सारा टूट गया है
यीशु ने मूल्य चुका दिया
पूर्ण क्षमा उसने दी मुझको
कितना महान स्वागत किया

साहस से मैं पिता के पास आता
यीशु की धार्मिकता में ढका
अब कोई दोष नहीं उठाना
पूरा हुआ उस क्रूस पर

मृत्यु कभी थी शत्रु मेरी
भय ने मुझको बाँध लिया
पर वह पुत्र जो बचाने आया
जी उठा, हमको मुक्त किया
हाँ, वह जी उठा, हम सच में मुक्त हुए!

अब अंधकार की हर योजना से मुक्त
जीने को स्वतंत्र, प्रेम करने को स्वतंत्र
मृत्यु मरी और मसीह जी उठा
पूरा हुआ उस क्रूस पर

पूरा हुआ उस क्रूस पर
मुक्ति का कार्य हुआ पूर्ण
मैं आनन्दित हूँ उसकी जय में
पूरा हुआ उस क्रूस पर

अनन्त महिमा की ओर बढ़ते
मेरे उद्धारकर्ता, मेरे परमेश्वर
मैं आनन्द मनाऊँ यीशु की विजय में
पूरा हुआ उस क्रूस पर


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