प्रभु से यह कह, “तू मेरा शरण-स्थल और गढ़ है, तू मेरा परमेश्वर है, तुझ पर मैं भरोसा करता हूँ।”
ओ सर्वोच्च प्रभु के आश्रय में रहने वाले, सर्वशक्तिमान परमेश्वर की छाया में निवास करने वाले । वह तुझे अपने पंखों से घेर लेगा, तू उसके चरणों में शरण पाएगा; उसकी सच्चाई ही ढाल और झिलम हैं।
तूने प्रभु को अपना शरण-स्थल माना है। सर्वोच्च प्रभु तेरा धाम है।इसलिए बुराई तेरे पास पहुंच नहीं सकेगी, महा विपत्ति तेरे शिविर के निकट आने न पाएगी।
प्रभु कहता है, ‘वह मुझ से प्रेम करता है, अत: मैं उसको छुड़ाऊंगा; वह मेरे नाम को जानता है, इसलिए मैं उसकी रक्षा करूंगा। जब वह मुझे पुकारेगा, मैं उसे उत्तर दूंगा; संकट में मैं उसके साथ रहूंगा; मैं उसे मुक्त करूंगा और उसे महिमान्वित करूंगा।
ओ सर्वोच्च प्रभु के आश्रय में रहने वाले, सर्वशक्तिमान परमेश्वर की छाया में निवास करने वाले,वह तुझे अपने पंखों से घेर लेगा, तू उसके चरणों में शरण पाएगा; उसकी सच्चाई ही ढाल और झिलम हैं।